राष्ट्रपति ने उत्तरी गोवा के नाइट क्लब में हुई आगजनी की दुर्घटना में जानमाल के नुकसान पर शोक व्यक्त किया | Current Affairs | Vision IAS
मेनू
होम

यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा के लिए प्रासंगिक राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय विकास पर समय-समय पर तैयार किए गए लेख और अपडेट।

त्वरित लिंक

High-quality MCQs and Mains Answer Writing to sharpen skills and reinforce learning every day.

महत्वपूर्ण यूपीएससी विषयों पर डीप डाइव, मास्टर क्लासेस आदि जैसी पहलों के तहत व्याख्यात्मक और विषयगत अवधारणा-निर्माण वीडियो देखें।

करंट अफेयर्स कार्यक्रम

यूपीएससी की तैयारी के लिए हमारे सभी प्रमुख, आधार और उन्नत पाठ्यक्रमों का एक व्यापक अवलोकन।

ESC

In Summary

भारत में 2023 में 7,054 आग लगने की घटनाएं दर्ज की गईं, जिनमें से अधिकांश आवासीय भवनों में हुईं, जो प्राकृतिक कारकों, खराब डिजाइन और कम सुरक्षा अनुपालन के कारण हुईं; प्रौद्योगिकी, वित्त पोषण और विनियमों के साथ उन्नयन आवश्यक है।

In Summary

राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (NCRB) के अनुसार, वर्ष 2023 के दौरान देश में आगजनी की दुर्घटनाओं के कुल 7,054 मामले दर्ज किए गए थे। इनके परिणामस्वरूप 6,891 मौतें हुई थीं।

  • इनमें से 50% से अधिक घटनाएं आवासीय भवनों/ निवास स्थानों में दर्ज की गई थीं।

भारत में आगजनी के लिए उत्तरदायी कारक

  • प्राकृतिक कारक: उष्ण व शुष्क जलवायु, प्रचलित पवनें, भूकंपीय सुभेद्यता आदि।
    • उदाहरण के लिए- वर्ष 2023 में कोच्चि में ब्रह्मपुरम अपशिष्ट संयंत्र में अत्यधिक गर्मी के कारण आगजनी की घटना।
  • डिज़ाइन और घनत्व: ऊंची इमारतों का अधिक घनत्व; निम्नस्तरीय व अवैध निर्माण; निर्माण में ज्वलनशील सामग्री का उपयोग आदि।
    • उदाहरण के लिए- वर्ष 2004 में ज्वलनशील सामग्री के उपयोग के कारण तमिलनाडु के कुंभकोणम स्कूल में आगजनी की घटना।
  • अपर्याप्त अनुपालन: फायर एग्जिट की कमी, संकरी सीढ़ियां आदि। 
    • उदाहरण के लिए- वर्ष 2023 में मुखर्जी नगर (दिल्ली) के एक कोचिंग सेंटर में आग लगने की घटना।
  • सीमित संसाधन: वर्ष 2019 में आवश्यकता के विपरीत 5,191 फायर स्टेशनों और 5,03,365 कर्मियों की कमी थी।
  • अन्य: जागरूकता की कमी; केंद्र द्वारा व्यवस्थित डेटासेट्स का अभाव, विद्युत की खराबी आदि।

भारत में मौजूदा अग्नि सुरक्षा विनियम

  • संवैधानिक प्रावधान: अग्निशमन सेवा राज्य सूची का विषय है और अनुच्छेद 243 के तहत 12वीं अनुसूची में शामिल है। इस प्रकार, यह नगरपालिकाओं के प्राधिकार को निर्दिष्ट करता है।
  • राष्ट्रीय भवन संहिता (राज्यों के लिए अनिवार्य): इसे भारतीय मानक ब्यूरो (BIS) ने जारी किया है। यह इमारतों की अग्नि सुरक्षा के संबंध में दिशा-निर्देश प्रदान करती है।
  • आदर्श भवन उप-नियम 2016: ये आवासन और शहरी कार्य मंत्रालय ने जारी किए हैं। ये राज्यों एवं संघ राज्यक्षेत्रों के लिए मार्गदर्शिका के रूप में कार्य करते हैं।
  • राज्यों में अग्निशमन सेवाओं के विस्तार और आधुनिकीकरण की योजना: यह 15वें वित्त आयोग की रिपोर्ट के अनुरूप केंद्रीय गृह मंत्रालय के तहत शुरू की गई है।

 

आगे की राह

  • तकनीकी एकीकरण: AI-आधारित जोखिम मूल्यांकन करना चाहिए, घटनाओं की रिपोर्टिंग के लिए मोबाइल एप्लिकेशन बनानी चाहिए आदि।
  • फायर स्टेशन की अनुकूल अवस्थिति: इनके लिए स्थान का चयन सड़क नेटवर्क और यातायात की वास्तविकताओं के अनुरूप होना चाहिए।
  • सुरक्षित वित्त-पोषण की व्यवस्था: उदाहरण के लिए- उपकरण, अवसंरचना आदि के उन्नयन हेतु 'अग्नि कर' की शुरुआत करनी चाहिए।
  • अनुपालन सुनिश्चित करना: अनापत्ति प्रमाण-पत्र (NOCs) स्वीकार करने से पहले उचित जांच करनी चाहिए; लाइसेंस स्वीकृत करने में शामिल अधिकारियों के लिए जवाबदेही तंत्र सुनिश्चित करना चाहिए।
  • सर्वोत्तम प्रथाओं का पालन करना: उदाहरण के लिए- चीन द्वारा सख्त अग्निशमन प्रवर्तन और निवासियों को जोखिमों एवं आपातकालीन प्रतिक्रिया के बारे में शिक्षित करने के लिए समुदाय-आधारित आगजनी रोकथाम कार्यक्रम।
Watch Video News Today
Title is required. Maximum 500 characters.

Search Notes

Filter Notes

Loading your notes...
Searching your notes...
Loading more notes...
You've reached the end of your notes

No notes yet

Create your first note to get started.

No notes found

Try adjusting your search criteria or clear the search.

Saving...
Saved

Please select a subject.

Referenced Articles

linked

No references added yet