सुर्ख़ियों में क्यों?
हाल ही में, नई दिल्ली में 'विकसित भारत यंग लीडर्स डायलॉग (VBYLD) 2026' आयोजित किया गया। इसमें, प्रधान मंत्री ने विकसित भारत @2047 के लक्ष्य को प्राप्त करने में युवा नेतृत्व की महत्वपूर्ण भूमिका पर बल दिया।
अन्य संबंधित महत्वपूर्ण तथ्य
- VBYLD में प्रधानमंत्री ने युवा नेतृत्वकर्ताओं के साथ संवाद किया। यह भारत के विकास एजेंडे में युवाओं की प्रत्यक्ष भागीदारी को सक्षम बनाता है।
- यह आयोजन राष्ट्रीय युवा दिवस (12 जनवरी) के अवसर पर किया गया, जो स्वामी विवेकानंद की जयंती है।
राष्ट्र निर्माण में युवाओं की भूमिका
- आर्थिक संवृद्धि
- जनसांख्यिकीय लाभांश: भारत की अनुकूल आयु संरचना इसे जापान और इटली जैसे 'डेमोग्राफिक विंटर" या 'जनसांख्यिकीय शीतकाल' का सामना कर रहे देशों की तुलना में विकास की बढ़त प्रदान करती है।
- उदाहरण के लिए: भारत में विश्व की सबसे बड़ी युवा आबादी है। यहां 50% जनसंख्या 25 वर्ष से कम और 65% जनसंख्या 35 वर्ष से कम आयु की है।
- नवाचार के चालक: युवा स्टार्ट-अप क्रांति के केंद्र में हैं। इससे भारत विश्व का तीसरा सबसे बड़ा स्टार्ट-अप हब और उभरती प्रौद्योगिकियों में वैश्विक नेतृत्वकर्ता बन गया है।
- उदाहरण के लिए: युवाओं के नेतृत्व वाले स्पेस स्टार्ट-अप्स जैसे- 'स्काईरूट' (Skyroot) या 'अग्निकुल कॉसमॉस' (Agnikul Cosmos)।
- ऑरेंज इकोनॉमी: रचनात्मक उद्योगों (Creative Industry) द्वारा संचालित यह अर्थव्यवस्था भारत के निर्यात में 11 बिलियन अमेरिकी डॉलर और रोजगार में 8% का योगदान दे रही है।
- उदाहरण के लिए: सिंधुजा राजमारन, जो एक एनीमेशन कंपनी चलाने वाली विश्व की सबसे कम उम्र की सीईओ हैं और उन्होंने गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड भी बनाया है।
- जनसांख्यिकीय लाभांश: भारत की अनुकूल आयु संरचना इसे जापान और इटली जैसे 'डेमोग्राफिक विंटर" या 'जनसांख्यिकीय शीतकाल' का सामना कर रहे देशों की तुलना में विकास की बढ़त प्रदान करती है।
- वैज्ञानिक और तकनीकी कौशल: युवा वैज्ञानिक अंतरिक्ष अन्वेषण, रक्षा और AI जैसी उभरती प्रौद्योगिकियों में सफलता की राह दिखा रहे हैं।
- उदाहरण के लिए: डॉ. सतेंद्र के. मंगरौथिया ने 'कमला' (भारत की पहली आनुवंशिक रूप से संपादित चावल की किस्म) के लिए विज्ञान युवा पुरस्कार प्राप्त किया।

- सामाजिक परिवर्तन के वाहक: युवा 'जन भागीदारी' अभियानों का नेतृत्व कर रहे हैं, जैसे कि स्वच्छ भारत और 'मिशन लाइफ' (Mission LiFE) जैसे पर्यावरण समर्थन आंदोलन।
- लोकतंत्र का सुदृढ़ीकरण: युवाओं की भागीदारी (जैसे- मतदान, राजनीतिक संलग्नता, युवा सलाहकार परिषदें और नागरिक जागरूकता आंदोलन) लोकतांत्रिक मूल्यों को मजबूत करती है।
- प्रेरक उदाहरण:
- आर्या राजेंद्रन 21 वर्ष की आयु में तिरुवनंतपुरम की भारत की सबसे युवा मेयर बनीं।
- छवि राजावत एक एमबीए स्नातक हैं, जिन्होंने राजस्थान के सोडा गांव की सरपंच बनने के लिए अपनी कॉर्पोरेट नौकरी त्याग दी। उन्होंने अपने समुदाय में जल आपूर्ति और सौर ऊर्जा उपलब्ध कराई है।
- प्रेरक उदाहरण:
युवाओं के लिए प्रमुख पहलें
- राष्ट्रीय युवा नीति (NYP): मसौदा NYP 2025 शिक्षा, नेतृत्व और सामाजिक न्याय पर केंद्रित दस वर्षों के विज़न की रूपरेखा तैयार करती है।
- स्किल इंडिया मिशन और पीएम कौशल विकास योजना: भारतीयों को उद्योग-प्रासंगिक कौशल में प्रशिक्षित करने के लिए प्रमुख कार्यक्रम हैं।
- YUVAi (यूथ फॉर उन्नति एंड विकास विद AI): इसे इलेक्ट्रॉनिकी और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) तथा राष्ट्रीय ई-गवर्नेंस डिवीजन (NeGD) ने शुरू किया है। यह पहल कक्षा 8-12 के छात्रों को आठ क्षेत्रकों में व्यावहारिक AI समाधान डिजाइन करने के लिए सशक्त बनाती है।
- स्टार्ट-अप इंडिया: उद्योग संवर्धन और आंतरिक व्यापार विभाग (DPIIT) के अधीन संचालित इस पहल के तहत वाणिज्य मंत्रालय उद्यमिता को बढ़ावा देने के लिए मार्गदर्शन (मेंटॉरशिप), इनक्यूबेशन तथा बिना गारंटी के ऋण प्रदान करता है।
- मॉडल यूथ ग्राम सभा: वास्तविक ग्राम सभा प्रक्रियाओं का अनुकरण करके पंचायती राज प्रणाली के प्रति युवाओं की समझ को मजबूत करती है।
- अग्निपथ योजना: "अग्निवीरों" की भर्ती की जाती है, ताकि उन्हें तकनीकी कौशल और अनुशासन प्रदान किया जा सके।
- स्वास्थ्य व कल्याण: फिट इंडिया और काशी घोषणा (नशा मुक्त अभियान) जैसी पहलें समग्र कल्याण पर ध्यान केंद्रित करती हैं।
- पीएम सेतु (प्रधान मंत्री स्किलिंग एंड एम्प्लॉयबिलिटी ट्रांसफॉर्मेशन थ्रू अपग्रेडेड ITIs: PM SETU) कार्यक्रम: इसके तहत, हजारों औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थाओं (ITIs) को अपग्रेड किया जाएगा, ताकि युवाओं को उद्योगों की वर्तमान और भविष्य की जरूरतों के अनुसार प्रशिक्षित किया जा सके।
राष्ट्र निर्माण के लिए युवाओं की क्षमताओं का उपयोग करने के तरीके
- शिक्षा सुधार: शैक्षणिक प्रशिक्षण को वास्तविक विश्व की मांगों के साथ संरेखित करना चाहिए। साथ ही, राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP), 2020 की परिकल्पना के अनुसार शुरुआती चरणों से ही व्यावसायिक प्रशिक्षण को एकीकृत करना चाहिए।
- निरंतर कौशल विकास: AI, रोबोटिक्स और हरित ऊर्जा कौशल में निवेश करना चाहिए, ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि कार्यबल स्वचालन के अनुकूल बना रहे।
- समावेशी विकास: महिला कार्यबल की भागीदारी को प्रोत्साहित करना चाहिए और ग्रामीण व टियर-2/3 शहरों में कौशल केंद्रों का विस्तार करना चाहिए।
- नागरिक सहभागिता को मजबूत करना: युवाओं को उदासीनता को त्याग कर शासन में सक्रिय भागीदारी की ओर ले जाने के लिए औपचारिक मंच और प्रशिक्षण कार्यक्रम संचालित करने चाहिए।